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ॐ अंशवे नमः अंशु क्यों कहलाते हैं भगवान शिव? — शिव-सहस्रनाम के “अंशु” नाम का शास्त्रीय, दार्शनिक और आध्यात्मिक रहस्य

अंशवे नमः : जब शिव स्वयं प्रकाश की एक दिव्य किरण बनकर प्रत्येक हृदय तक पहुँचते हैं1 1. प्रस्तावना प्रकाश केवल एक भौतिक घटना नहीं है — वह चेतना की भाषा है। जब भारतीय ऋषियों ने परमतत्त्व को समझने का प्रयास किया, तो उन्होंने बार-बार प्रकाश-रूपकों की शरण ली। वेद का प्रथम शब्द अग्नि है,…
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ॐ सहस्राक्षाय नमः— सहस्र नेत्रों के स्वामी का तात्त्विक, पौराणिक एवं व्यावहारिक अनुशीलन

१. प्रस्तावना शिव-सहस्रनाम की अपार नाम-राशि में ‘सहस्राक्ष’ एक ऐसा नाम है जो साधारण श्रोता को चौंकाता है — क्योंकि ‘सहस्राक्ष’ तो इन्द्र का विशेष विशेषण माना जाता है। फिर इस नाम से शिव की स्तुति क्यों? इसी प्रश्न में इस नाम का सम्पूर्ण दार्शनिक रहस्य निहित है। शिव पुराण की कोटिरुद्र संहिता में यह…