शिव विचार | Reflections on Shiva
दिग्वाससे नमः : शिव के ‘दिग्वासस्’ स्वरूप का दार्शनिक, आध्यात्मिक एवं प्रतीकात्मक विवेचन
शिव-सहस्रनाम के ‘दिग्वासस्’ नाम की व्युत्पत्ति, शास्त्रीय प्रमाण, पौराणिक प्रसंग, मनोवैज्ञानिक अर्थ, दार्शनिक…
ॐ परमाय मन्त्राय नमः : शिव क्यों कहलाते हैं परम मन्त्र? एक शास्त्रीय एवं दार्शनिक अध्ययन
1. प्रस्तावना भारतीय चिन्तन-परम्परा में मन्त्र की अवधारणा केवल ध्वन्यात्मक संरचना तक सीमित…
ॐ अंशवे नमः अंशु क्यों कहलाते हैं भगवान शिव? — शिव-सहस्रनाम के “अंशु” नाम का शास्त्रीय, दार्शनिक और आध्यात्मिक रहस्य
अंशवे नमः : जब शिव स्वयं प्रकाश की एक दिव्य किरण बनकर प्रत्येक…
ॐ बाणहस्ताय नमः
शिव-सहस्रनाम : एक विशेष नाम का शोधपरक विवेचन १. प्रस्तावना पूर्ववर्ती अध्याय में…
ॐ सहस्राक्षाय नमः— सहस्र नेत्रों के स्वामी का तात्त्विक, पौराणिक एवं व्यावहारिक अनुशीलन
१. प्रस्तावना शिव-सहस्रनाम की अपार नाम-राशि में ‘सहस्राक्ष’ एक ऐसा नाम है जो…




